About Us

प्रिय दोस्तों स्नेहसिक्त नमस्कार,
इस ब्लॉग को बनाने का एकमात्र उद्देश्य- जीवन में जो कुछ भी मैंने सोचा, सीखा, सुना, पढ़ा और अनुभव किया, उस सबको, सबके साथ साझा करने का ही है।

यूँ तो जैसे हर माँ को अपना बच्चा प्यारा लगता ही है उसी प्रकार मुझे भी अपनी रचनाएं अच्छी ही लगेंगी परंतु अंतिम निर्णय तो आपका ही होगा ना…।

यूं तो यह ब्लॉग लिखते हुए अधिकतर हिंदी भाषा का ही प्रयोग किया गया है पर केवल हिंदी की भाषा का ही प्रयोग हो ऐसा मुझे उचित नहीं लगा। इसीलिए जहां-जहां जहां जरूरत हुई वहां-वहां मैंने इंग्लिश, उर्दू तथा अरबी आदि के सामान्य बोलचाल में प्रचलित शब्द तथा वाक्य प्रयोग किए हैं जिससे भाषा का प्रवाह, सामान्य और सरल हो सके। साथ ही हिंदी के क्लिष्ट (complicated) शब्दों के प्रयोग से भी जहाँ तक सम्भव हुआ, संकोच किया है तथा जनसाधारण के द्वारा आमतौर पर प्रयोग किये जाने वाले शब्दों तथा वाक्यों को जगह देने की कोशिश की है।

यदि आपका स्नेह इस ब्लॉग को मिल सके तो मेरे लिए अतीव प्रसन्न्ता की बात होगी, फिर भी यदि किसी प्रकार की कमी या भूल चूक हो जाए तो मैं उसके लिए अग्रिम रूप से क्षमाप्रार्थी रहते हुए, और अधिक सुधार का प्रयत्न करता रहूंगा।

आपके स्नेह का सदैव आकांक्षी…